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मौत के बाद भी सौगात दे गई मासूम

दुनिया में आने वाले हर शख्स की मौत निश्चित है लेकिन कुछ लोग मरने के बाद भी दूसरों को खुशी की सौगात देकर अपना नाम अमर कर जाते हैं। नन्हीं विदुषी के साथ भी कुछ ऐसा हुआ। वाराणसी के सेंट जांस स्कूल मडौली में एलकेजी की इस बच्ची की विगत 6 फरवरी को स्कूल के गेट के सामने स्कूल की ही बस से कुचल कर मौत हो गई थी। बच्ची के पिता उत्पल उपाध्याय की पहल पर सेंट जांस स्कूल के प्रबन्धन ने विदुषी की याद स्मृति को अक्षुण बनाए रखने के लिए शिवी अग्रवाल नामक लड़की को गोद लेने की घोषणा की और उसकी फीस, ड्रेस, किताब, कापी, टिफिन व ट्रांसपोर्ट तथा 12वीं तक की पढ़ाई फ्री करने की व्यवस्था की। सारनाथ क्षेत्र के नारायण बिहार की शिवी के पिता कुलभूषण अग्रवाल की मलदहिया में 27 जुलाई 2007 को बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। जिसके चलते शिवी के परिवार की आथिक स्थिति काफी खराब हो गई थी। शिवी के परिवार वाले विदुषी के पिता उत्पल उपाध्याय से मिले एवं बातचीत की। विदुषी की मृत्यु के बाद उत्पल उपाध्याय की स्कूल प्रशासन के साथ कुछ प्रमुख बातें तय हुई थीं। इसी के अन्तर्गत उन्होंने शिवी को स्कूल में प्रवेश के लिए सुझाया। सेंट जांस के प्रधानाचार्य से कल विदुषी के पिता एवं शिवी की मां शुभी अग्रवाल मिले। प्रधानाचार्य ने शिवी को गोद लेने की घोषणा की।
सौजन्य-वार्ता

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