Saturday

कलयुगी द्रोपदी कहां जाए...

औरत पर जुल्म जारी है। द्वापर में पांडवों ने द्रोपदी को दांव पर लगाया था। वह सिलसिला शायद थमा नहीं है। उत्तर प्रदेश के मुज्जफरनगर के एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी को जुए की भेंट चढा दिया। पत्नी को दांव पर लगाने वाले सोकेन्द्र कुमार को अपने दो मासूमों का भी ख्याल नहीं आया। उसकी पत्नी को इसका पता तब चला, जब बीते 19 दिसम्बर को चार लोग उसके घर आए। तब उसके पति ने कहा कि वह पत्नी को जुए में हार गया है। चारों लोग पीडिता को जबरन ले जाने लगे। महिला की चीख सुनकर पडोसियों ने बीच—बचाव किया। मामला बिगडते देख आरोपी भाग गए। लेकिन, उनके जाने के बाद सोकेन्द्र ने अपनी पत्नी को डांटा और कहा कि छोटी सी बात के लिए हंगामा नहीं करना चाहिए था।

थाना भवन के पुलिस अधिकारी विजय कु मार ने बताया कि पीडित महिला थाने आई थी। लेकिन, तफ्तीश के बाद केवल घरेलू विवाद की बात सामने आई और महिला वापस घर चली गई। जबकि, इलाके के लोगों का कहना है कि घटना के बाद से महिला गायब है। क्योंकि, उसे डर है कि अगर वह दोबारा दिखी तो जुए में जीते लोग उसके पति को पीटेंगे। कुछ पडोसियों को मालूम है कि वह कहां है। लेकिन, महिला को डर है कि उसके पति के दोस्त उसे अगवा कर लेंगे। उधर सुकेन्द्र की मां ने भी बेटे पर जुआरी और शराबी का आरोप लगाते हुए कहा कि उनके बेटे ने आजीविका का सहारा चार बीघा जमीन को बेच कर मिले पैसे जुए और शराब में उडा दिए। उसने घर के बर्तन भी बेच दिए।

पत्रिका से साभार

6 comments:

समयचक्र - महेद्र मिश्रा said...

बेहद शर्मनाक वाक्य है आज ही एक चैनल पर ये ख़बर देखी है .

MAYUR said...

प्रिया मित्र,
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धन्यवाद ,
मयूर

दर्पण साह 'दर्शन' said...

kalyugi draupadi kahan jaiye?
aayie koi to krishna aaiye!!

Maria Mcclain said...

You have a very good blog that the main thing a lot of interesting and beautiful! hope u go for this website to increase visitor.

sumant said...

एक नया जोश एक नया वक़्त एक नया सवेरा लाना है
कुछ नए लोग जो साथ रहे कुछ यार पुराने छूट गए
अब नया दौर है नए मोड़ है नई खलिश है मंजिल की
जाने इस जीवन दरिया के अब कितने साहिल फिसल गए

अत्यंत खूबसूरत प्रस्तुति
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"जाटदेवता" संदीप पवाँर said...

बेहद शर्मनाक कार्य